राणासांगा का बाबर के विरूद्ध प्रतिरोध और उसके परिणाम

Authors

  • Ravinder Pal Singh, Dr. Neelam Sharma Author

DOI:

https://doi.org/10.1366/4vt26334

Abstract

मुगलों के भारत में आगमन के साथ भारतीय उपमहाद्वीप का राजनीतिक परिदृश्य एक नए और ऐतिहासिक मोड़ पर पहुंच गया। भारतीय इतिहास में यह एक महत्वपूर्ण समय था, जब बाहरी आक्रमणकारियों के संघर्ष और संघर्षों के बीच भारतीय राज्यों की स्वायत्तता और शक्ति की परिभाषा बदलने वाली थी। 1526 में बाबर ने पानीपत की पहली लड़ाई में दिल्ली के सुलतान इब्राहीम लोदी को हराकर दिल्ली पर अपना शासन स्थापित किया। यह विजय केवल बाबर के लिए नहीं, बल्कि सम्पूर्ण भारतीय उपमहाद्वीप के लिए एक ऐतिहासिक परिवर्तन का प्रतीक बनी। बाबर का आगमन भारतीय उपमहाद्वीप में एक नए साम्राज्य के निर्माण की नींव बना, जिसने मुगलों को एक शक्तिशाली साम्राज्य स्थापित करने का मार्ग प्रशस्त किया।

Published

2006-2025

Issue

Section

Articles

How to Cite

राणासांगा का बाबर के विरूद्ध प्रतिरोध और उसके परिणाम. (2025). Leadership, Education, Personality: An Interdisciplinary Journal, ISSN: 2524-6178, 18(12), 1624-1629. https://doi.org/10.1366/4vt26334